जिंदगी लौट आई थी

रामदरश मिश्र की काव्य रचनाएँ

Author

रामदरश मिश्र

Year of Issue

2020

Publication Name

अमन प्रकाशन

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जिंदगी लौट आई थी

Description

नब्बे पार की दय में भी रामदरश मिश्र की स्वनाशीलता बनी हुई है उसकी गाति भाते ही मंद पड़ गई हो। इन्होंने इयर आस-पास के जीवन-यथार्थ को केन्द्रित कर कई छोटी- छोटी कहानियाँ लिखीं। इन कहानियों में हमारे समाज की अनेक विसंगतियाँ हैं और उनले टकराती मूल्य-चेतना भी। दर्द और मूल्य की सहयात्रा तो मिश्र जी की कहानियों की आपनी पहचान है। मिश्र जी ने अपनी लंबी कथा-यात्रा में कई लम्बी और अनेक औसत आकार की कहानियाँ लिखी हैं। बीच-बीच में इनकी छोटे आकार की भी कहानियों आती रही हैं जो अपनी आकार-लघुता में बहुत तीव्र प्रभाव छोड़ती रही हैं। यथार्थ अपने बाहरी और आंतरिक आयामों के साथ उजागर होता रहा है। मिश्र जी ने इथर जो छोटी-छोटी कहानियाँ लिखी हैं उनके साथ पहले की लिखित छोटी कहानियों को मिलाकर यह संग्रह तैयार किया गया है। ये सारी कहानियों मिलकर बहु- आयामी यथार्थ का एक बड़ा विम्ब निर्मित कर रही हैं। संश्लिष्ट कथ्य की मार्मिकता और अभिव्यक्ति की सहजता से दीप्त ये कहानियों निश्चय ही पाठकों को अपनी लगेंगी और सहज ही उनके साथ हो लेंगी।